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श्रीशिवाष्टकम्

श्रीशिवाष्टकम् सदा निर्विकल्पं सदा चित्स्वरूपंसदा सत्स्वरूपं सदाऽनन्दरूपम् ।सदा पूर्णरूपं सदा नित्यरूपंसदैकस्वरूपं शिवं त्वां नमामि ॥ १॥ सदा निर्गुणं सद्गुणं वा...

August 23, 2025

भो शम्भो शिव-शम्भो स्वयम्भो

भो शम्भो शिव-शम्भो स्वयम्भो (रागम् – रेवती तालम् – आदि) पल्लवी –भो शम्भो शिवशम्भो स्वयम्भोगङ्गाधर शङ्कर करुणाकरमामव भवसागरतारक (भो शम्भो)...

August 23, 2025

श्रीशिवस्तुतिः

श्रीशिवस्तुतिः त्रैलोक्यं सकलं त्रिकालविषयं सालोकमालोकितंसाक्षाद्येन यथास्वयं करतले रेखात्रयं साङ्गुले ।रागद्वेषभयप्रियान्तकजरालोलत्वलोभादयोनालं यत्पदलङ्घनाय स महादेवो मया वन्द्यते ॥ १॥ दग्धं येन पुरत्रयं...

August 23, 2025

श्रीशिवस्तोत्रम्

श्रीशिवस्तोत्रम् जय जय शम्भो गिरिजाबन्धो शिव शिव शङ्कर भूतपते ।गिरिश महापज्जलधेरस्मानुद्धर धीर कृपाजलधे ॥ १॥ शिव सुरनायक मङ्गलविग्रह कुरु कुरु...

August 23, 2025

बिल्वाष्टोत्तरशतनामस्तोत्रम्

अथ बिल्वाष्टोत्तरशतनामस्तोत्रम् त्रिदलं त्रिगुणाकारं त्रिनेत्रं च त्रियायुधम् ।त्रिजन्म पापसंहारं एकबिल्वं शिवार्पणम् ॥ १॥ त्रिशाखैः बिल्वपत्रैश्च अच्छिद्रैः कोमलैः शुभैः ।तव पूजां...

August 23, 2025

श्रीशुक्लयजुर्वेदीय रुद्राष्टाध्यायी

श्रीशुक्लयजुर्वेदीय रुद्राष्टाध्यायी ॥ ॐ श्री गणेशाय नमः ॥ मङ्गलाचरणम् वन्दे सिद्धिप्रदं देवं गणेशं प्रियपालकम् ।विश्वगर्भं च विघ्नेशं अनादिं मङ्गलं विभूम्...

August 23, 2025

शान्ति स्तोत्रम्

शान्ति स्तोत्रम् नश्यन्तु प्रेतकूष्माण्डा नश्यन्तु दूषका नराः ।साधकानां शिवाः सन्तु स्वाम्नायपरिपालनम् ॥ १॥ नन्दन्तु मातरः सर्वा जयन्तु योगिनीगणाः ।जयन्तु सिद्धा...

August 23, 2025

श्रीशङ्कराष्टकम्

श्रीशङ्कराष्टकम् हे वामदेव शिवशङ्कर दीनबन्धोकाशीपते पशुपते पशुपाशनाशिन् ।हे विश्वनाथ भवबीज जनातिंहारिन्संसारदुःखगहनाज्जगदीश रक्ष ॥ १॥ हे भक्तवत्सल सदाशिव हे महेशहे विशवतात...

August 23, 2025

शिवस्तवनम्

शिवस्तवनम् सदाशिवं नमाम्यहं सदाशिवं भजाम्यहम् ।सदाशिवं जपाम्यहं सदाशिवार्चयाम्यहम् ॥ १॥ सदाशिवं मृडहरं दधाम्यहमहर्निशम् ।सदाशिवं सुचिन्तनं सदाशिवं सुवन्दनम् ॥ २॥ सदाशिवं...

August 23, 2025

श्रीशिवस्तोत्रम् – स्वामी विवेकानन्दविरचितम्

श्रीशिवस्तोत्रम् – स्वामी विवेकानन्दविरचितम् ॐ नमः शिवाय । निखिलभुवनजन्मस्थमभङ्गप्ररोहाःअकलितमहिमानः कल्पिता यत्र तस्मिन् ।सुविमलगगनाभे ईशसंस्थेऽप्यनीशेमम भवतु भवेऽस्मिन् भासुरो भावबन्धः ॥ निहतनिखिलमोहेऽधीशता...

August 23, 2025